07/20/2026
आदरणीय सरदार गुरविंदर सिंह हॉकी कोच
के नाम पर कुरुक्षेत्र में होगा । (चौक, पार्क या मार्ग)
और हर साल उनकी याद में कुरुक्षेत्र में हाकी प्रतियोगिता करवाई जाएगी।
पूर्व राज्य मंत्री सुभाष सुधा जी का हॉकी कुरुक्षेत्र परिवार दिल से धन्यवाद करते हैं जिन्होंने सरदार गुरविंदर सिंह जी के नाम पर यह घोषणा की है। हम उन सबका भी तहे दिल से धन्यवाद करते हैं। जिन्होंने कल कुरुक्षेत्र मे आकर सरदार गुरविंदर सिंह जी को सच्ची श्रद्धांजलि दी। 🙏🙏🙏🙏🙏🙏🙏
07/19/2026
गुरु के चेले, गुरुजी आपका कोई स्थान नहीं ले सकता। आप हमेशा हमारे दिलों में रहेंगे। भावभीनी श्रद्धांजलि। 🙏🌹
07/17/2026
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सरदार गुरविंदर सिंह कोच साहब
की हाकी फील्ड पर काम करते हुए पुरानी फोटो ।
आपकी ईमानदारी आपकी निष्ठा आपके विचार आपकी हॉकी के प्रति सोच हमें हमेशा प्रेरित करती रहेगी और आप हमेशा हमारे दिलों में जिंदा रहेंगे।
सलाम है
आपके जज्बे को कुरुक्षेत्र हाकी आपके इस योगदान को कभी भी नहीं बुला पाएगी। 🙏
गुरु जी ।
07/16/2026
भारत के मशहूर हॉकी कोच गुरविंदर सिंह का निधन: 2 ओलंपियन समेत 20 अंतरराष्ट्रीय और 100 से अधिक राष्ट्रीय खिलाड़ी दिए.
हॉकी के क्षेत्र में अनेक प्रतिभाशाली खिलाड़ियों को तराशने वाले वरिष्ठ कोच गुरविंदर सिंह का बीमारी के कारण कल निधन हो गया। उनके निधन की खबर से खेल जगत में शोक की लहर दौड़ गई। खिलाड़ी, कोच और खेल प्रेमी उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि दे रहे हैं।
गुरविंदर सिंह ने वर्ष 1986 से 2021 तक कोच के रूप में अपनी सेवाएं दीं। अपने करीब 35 वर्षों के कोचिंग करियर में उन्होंने कई प्रतिभाशाली खिलाड़ियों को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर तक पहुंचाया। उनके मार्गदर्शन में तैयार हुए खिलाड़ियों ने देश और प्रदेश का नाम रोशन किया।
उन्होंने दो बार के ओलंपियन सुरेंद्र पालड़ सहित करीब 20 अंतरराष्ट्रीय और 100 से अधिक राष्ट्रीय स्तर के खिलाड़ियों को प्रशिक्षित किया। उनके शिष्यों में ओलंपियन सुरेंद्र पालड़, अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ी प्रदीप मोर, मुनीश राणा तथा जूनियर विश्व कप विजेता मनप्रीत सिंह प्रमुख हैं।
गुरविंदर सिंह का खेल के प्रति समर्पण, अनुशासन और खिलाड़ियों को आगे बढ़ाने का जुनून हमेशा याद किया जाएगा। उनके निधन से हॉकी जगत ने एक अनुभवी और समर्पित कोच को खो दिया है। खिलाड़ियों और खेल संगठनों ने उनके निधन पर गहरा शोक व्यक्त करते हुए उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की।
07/16/2026
आज केवल हॉकी कुरुक्षेत्र ने गुरु ही नहीं, बल्कि एक मार्गदर्शक को खो दिया।
आज एक युग का अंत हुआ है
आदरणीय श्री गुरविंदर सिंह जी का भारतीय हॉकी, हरियाणा हॉकी एवं कुरुक्षेत्र हॉकी मे बहुत बड़ा योगदान है। बल्कि अनुशासन, मेहनत, ईमानदारी, संघर्ष और जीवन को सही दिशा में जीना भी खिलाड़ियों को सिखाया।
गुरु जी आपका जाना हॉकी कुरुक्षेत्र लिए बहुत बड़ी क्षति है, लेकिन आपकी यादें और आपकी दी हुई सीख आपका काम करने का जज्बा हमेशा हॉकी कुरुक्षेत्र का मार्गदर्शन करता रहेंगा ।
आप जैसे ईमानदार मेहनती कर्मठ कोचो को द्रोणाचार्य पुरस्कारो से सम्मानित करना चाहिए। जो की ग्रास रूट से मेहनत करवा कर खिलाड़ियों को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारत का प्रतिनिधित्व करने के लिए तैयार करते हैं
हमारे देश का यह दुर्भाग्य है।
जो बीत गया है वो दौर ना आएगा इस दिल में गुरु जी आपके सिवा कोई और ना आएगा।
बड़े दुखी मन से पूरा हॉकी कुरूक्षेत्र परिवार सरदार गुरिंदर सिंह जी को
भावपूर्ण श्रद्धांजलि।
ईश्वर आपकी पुण्य आत्मा को शांति प्रदान करें।
ॐ शांति।